जांच में आरोप निकले गलत
जागरण मोर्चा
मसवासी| क्षेत्र के शिकारपुर स्थित शिवांगी इंडेन गैस एजेंसी पर गैस वितरण के दौरान हंगामा करने और सोशल माध्यमों पर भ्रामक वीडियो फैलाने के आरोप में एक युवक को पकड़ लिया। प्रशासनिक जांच में गैस एजेंसी पर लगाए गए सभी आरोप निराधार पाए गए हैं। मामले में युवक के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे जेल भेजने की तैयारी की जा रही है।

जानकारी के अनुसार शुक्रवार को शिकारपुर स्थित गैस एजेंसी पर सिलेंडर लेने के लिए बड़ी संख्या में उपभोक्ता पहुंचे हुए थे। इसी दौरान बिजारखाता गांव निवासी जरीफ अहमद ने एजेंसी कर्मचारी पर निर्धारित मूल्य से अधिक रुपये लेने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। युवक ने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने पर एजेंसी कर्मचारी ने उसकी गैस पासबुक फाड़ दी। हंगामे के दौरान युवक ने घटना का वीडियो बनाकर उसे सोशल माध्यमों पर भी प्रसारित कर दिया, जिससे क्षेत्र में भ्रम की स्थिति बन गई। मामले की जानकारी मिलने पर उपजिलाधिकारी अमन देओल ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए। जांच के लिए नायब तहसीलदार सचिन कुमार, पूर्ति निरीक्षक अंशुमान जैन और चौकी प्रभारी अजय कुमार शुक्ला मौके पर पहुंचे और गैस एजेंसी पर जांच की। अधिकारियों ने एजेंसी के अभिलेखों और उपभोक्ताओं से बातचीत कर पूरे मामले की पड़ताल की। उपजिलाधिकारी अमन देओल ने बताया कि जांच के दौरान गैस एजेंसी पर किसी प्रकार की कालाबाजारी या अनियमितता नहीं पाई गई। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा व्यक्ति जरीफ अहमद ही है और गैस पासबुक भी उसी ने स्वयं फाड़ी थी।प्रशासन ने इसे झूठी अफवाह फैलाकर लोगों को भ्रमित करने की कोशिश माना है। अधिकारियों के अनुसार आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी सूचना को साझा करने से पहले उसकी सत्यता अवश्य जांच लें, ताकि अनावश्यक भ्रम और अफवाहों से बचा जा सके।






