जागरण मोर्चा
पूरनपुर। पीटीआर में एक बाघ की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उसका शव माला रेंज में पड़ा देखा गया। मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए आईवीआरआई बरेली के लिए भेजा गया है।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में शनिवार की देर रात एक बाघ का शव मिलने से वन विभाग में हडकंप मच गया। बाघ का शव माला रेंज के आने वाले महोफ और माला के बीच धमेला वॉच टावर के पास पड़ा मिला। सूचना मिलने के बाद डीएफओ (मंडल वन अधिकारी) भरत कुमार डीके समेत वन विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और जायजा लिया। मामले की जानकारी बरेली से एफडी (फील्ड डायरेक्टर) और एपीसीसीएफ (अतिरिक्त प्रधान मुख्य वन संरक्षक) ने भी ली। प्रारंभिक जांच में बाघ के शरीर पर चोट या संघर्ष के कोई स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं। इससे मौत के कारणों को लेकर असमंजस बना हुआ है। कारणों की पुष्टि के लिए बाघ का पोस्टमॉर्टम बरेली स्थित भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) में कराया जाएगा। जानकारी पर बडी संख्या में लोग पहुंच गए। डीएफओ भरत कुमार डीके ने बताया कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकेगी कि बाघ की मौत कैसे हुई है। शव मिलने की जानकारी पर मुख्य वन संरक्षक ने रात को ही घटनास्थल का निरीक्षण किया। रविवार को कई अधिकारी मौके पर जुट गए। अधिकारियों ने वताया कि बाघ की मौत कैसे हुई है इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में होगी। पूरे मामले पर अधिकारी नजर बनाए हुए है। बाघ का शव मिलने से बन बिभाग में खलवली मची हुई है।






